ULPIN स्कीम क्या है? और इसके फायदे

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Last Updated on November 27, 2021 by WikiHindi

जिस तरह से हमारे देश भारत में केंद्र सरकार द्वारा प्रत्येक नागरिकों के लिए आधार कार्ड जारी करने की योजना आयी थी। जिसके तहत देश के प्रत्येक नागरिक का एक अपना अलग से ख़ास पहचान पत्र जारी किया है। अब ठीक उसी प्रकार ज़मीन के लिए केंद्र सरकार ULPIN नाम की एक योजना लायी है। आधार कार्ड और इसमें बस फर्क इतना सा है की आधार कार्ड इंसानो का पहचान पत्र हुआ करता था, जबकि ULPIN को ज़मीनो के पहचान पत्र के रूप में उपयोग किया जाएगा।

ULPIN क्या है?

ULPIN का अर्थ होता है: Unique Land Parcel Identification Number. ये एक प्रकार से केंद्र सरकार द्वारा लाया गया स्कीम है। इस स्कीम के तहत अब ज़मीनो के रिकॉर्ड को भी डिजिटाइज़ेशन करने की ओर सरकारका एक महत्वपूर्ण कदम है। आपको बता दें की इस स्कीम को केंद्र सरकार द्वारा देश के लगभग 10 राज्यों में पहले ही लागु करवाया जा चूका है और मार्च 2022 तक इस स्कीम को पुरे देश भर में लागु करने की योजना सरकार ने बनाई हुई है।

ULPIN स्कीम से जुड़े कुछ तथ्य अथवा फायदे

  • ये स्कीम ज़मीन का आधार नाम से भी काफी प्रचलित हो रहा है।
  • ULPIN स्कीम के तहत हर एक प्लाट के लिए एक खास और यूनिक 14 नुमैर जारी किये जाएंगे, जिसमे संख्या और अंग्रेजी के अक्षर शामिल होंगे।
  • इस स्कीम से वैसे पिछड़े इलाकों में रह रहे लोगों को खास फायदा मिलेगा जिनकी ज़मीने अक्सर बड़े कारोबारियों द्वारा ठग ली जाती है।
  • जारी किया जाने वाला 14 अंकों का यूनिक कोड देशांतर और अक्षांस निर्देशांकों( longitude and latitude coordinates) पर निर्भर होगा।
  • 14 अंकों का ये यूनिक नंबर नेशनल इनफार्मेशन सेंटर द्वारा जारी किया जाएगा।
  • साल 2008 में कांग्रेस सरकार द्वारा शुरू किया गया Digital India Land Records Modernization Programme (DILRMP) का ये अगले चरण का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है।
  • ज़मीन से जुड़ी सारी जानकारी एक जगह होने पर ज़मीन की खरीद-बिक्री और बाकि कार्यों में पारदर्शिता आएगी।
  • इस स्कीम के जरिये सरकार को भूमि बैंक तैयार करने में काफी सहूलियत होगी।
  • केवल एक क्लिक से जमीन से जुडी साड़ी जानकारी मिल सकेगी।
  • अगर बात की जाए इससे जुडी खार्चों के बारे में तब आधार से ULPIN को लिंक करने पर प्रति रिकॉर्ड ₹3 खर्च होंगे। जबकि भूमि मालिक के आधार डाटा को सीड करने और इसके प्रमाणीकरण पर ₹5 रूपए प्रति रिकॉर्ड खर्च होंगे।

अंतिम शब्द

इस लेख के माध्यम से आपने जाना की ULPIN स्कीम क्या है? और साथ ही आपने इस स्कीम से जुड़े अन्य तथ्यों को भी जाना। लेख से सम्बंधित किसी प्रकार की सुझाव, शिकायत या सवाल हो तब निचे कमेंट करके हमें अवश्य बताएं, धन्यवाद।

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FAQs

Q: ULPIN स्कीम क्या है?

उत्तर: ULPIN स्कीम एक प्रकार का जमीनों के लिए जारी किया जाने वाला आधार कार्ड है। इस स्कीम को जमीन का आधार कार्ड के नाम से भी जाना जाता है।

Q: ULPIN में कितने अंकों का यूनिक नंबर जारी किया जाता है?

उत्तर: ULPIN स्कीम के तहत 14 अंकों का अल्फान्यूमेरिक नंबर जेनेरेट किया जाता है।

Q: ULPIN का फुल फॉर्म क्या है?

उत्तर: ULPIN का फुल फॉर्म है: Unique Land Parcel Identification Number

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